सच हो
फिर क्यों
इतने कमज़ोर हो
मैं झूठ हूँ
फिर भी दबंग हूँ
सच हूँ
फिर क्यों संदिग्ध हूँ
हर बार
अपनी सत्यता
साबित करता फिरता हूँ ।
-मं शर्मा
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