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मेरा इश्क़ लफ़्ज़ों का मोहताज नहीं है..

                
                                                         
                            ये माना कि मेरे सर पर कोई ताज नहीं है....
                                                                 
                            
पर आपसे बढ़कर मेरा कोई सरताज नहीं है...
मैं खुश हूँ कि हमारे बीच कोई राज़ नहीं है...
और आपसे बढ़कर कोई मेरा हमराज़ नहीं है....
हर वक्त इज़हार-ए-मोहब्बत करूँ ये मेरा अंदाज़ नहीं है....
क्योंकि मेरा इश्क़ लफ़्ज़ों का मोहताज नहीं है....
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51 मिनट पहले

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😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
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