हमे कोई शोहरत की आस नहीं
न दौलत की आरजू है ,आपकी
बस इतना सा ख्वाब है, हमारा
आपकी कजरारी आंखों में जो सुरमा
हर दफा सजता है, ना
उसी सुरमे की तरह
हमेशा आपका हो कर रहना है ।
नजरे जहां भी जाए मगर ठिकाना आपकी आंखे हो।
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