नदी का किनारा मिला सुकून का सहारा मिला
दिल दिमाग वही थम गया
साँसों को जीने का सहारा मिल गया
लहरें चलती जा रही कुछ कानों में आवाजें आ रही
चमकीला सी नदियों में सूरज की रोशनी पड़ती
आँखों में चमक देती जा रही
पल पल जीने की चाह बड़ा रही
कुछ अनदेखी दुनिया नज़र आ रही
नदी का किनारा मिला सुकून का सहारा मिला
दिल दिमाग वही थम गया
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