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वो ऐसे तेस में थी

                
                                                         
                            वो ऐसे कैसे तेस में
                                                                 
                            
झलक रही थी।।
दूर से जब उसे
पेश होता देखा
ऐसा लगा किसी
ओरों की जख्म
को कुरेदते ही
जा रही थी ।।
वो अपनी सुंदरता
की मगरूरता से
जो लेस मात्र थी।।
ऐसा इसलिए भी
हो रहा था।।
कि जो भी उसके
लिये जिम्मेवार था।।
वो तो इस वक्त
केस लेस ही था।।
इस कलयुग में
सब कुछ अर्थ
अर्थात मुद्रा पर
ही तो टिका हुआ है
जब उसके और
करीब पहुंचा तो।।
यह पाया कि वो।।
काफी ऐस में थी।।
भला वो क्यों
पीछे पलट कर
अपने आप को
बिना कारण ठेस
पहुँचाती।।
अब वो जो भी
आगे किए जा रही थी।।
सब वो समझ बूझकर ही
फेस कर रही थी।।
उसका खेलने का अंदाज
किसी चेस से कम न थी।।
वो ऐसे कैसे तेस में
झलक रही थी।।
दूर से जब उसे
पेश होता देखा।।
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2 महीने पहले

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