मैं तो तेरे दिल की महफ़िल सजाने आता हूं,
महफ़िल की भीड़ में मैं तुम्हें अपना बनाने आता हूं,
बनकर बेवफा तुम ने मुझे तड़प दी ऐसी,
कि मैं अजनबी बनता चला गया सनम,
अब तो तेरी तस्वीर देखकर ही मुझे सुकून मिलता है,
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