अभ्यर्थियों का दुख-दर्द
दो पंक्तियों के माध्यम से सरकार तक .....!
बिहार सरकार का चमत्कार है।
किस्मत पर रिश्वत सवार है।
परीक्षाओं में धांधली की वार है।
ये बिहार है .....२
नेताओं पर वोट बैंक सवार है।
जनता पर महंगाई की मार है।
पेट्रोल डीजल सौ के पार है।
हां ये बिहार है।....२
अहर्ता पूरी है। पर अभ्यर्थी बेरोजगार है।
नेता को चुनाव का इंतजार है।
नौकरी मांग रहे छात्रों पर लाठी की बौछार है।
ये कैसी गूंगी-बहरी सरकार है।
साहब यही बिहार।....२
दिलशाद अहमद गयावी
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