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मजबूरियां।

                
                                                         
                            जिसको चाहा उसे भूल जाना पड़ा
                                                                 
                            
दिल तो लगता न था पर लगाना पड़ा
हम थे मुफ़लिस बहुत सी थी मजबूरियां
इसलिए छोड़कर घर को जाना पड़ा
- बजरंगी लाल
 
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2 महीने पहले

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