हमारा मन
इस बात से
क्षुब्ध होता है।
कि काम के एवज में
अधिकारी लुब्ध होता है।।
-अविनाश ब्यौहार
- हम उम्मीद करते हैं कि यह पाठक की स्वरचित रचना है। अपनी रचना भेजने के लिए यहां क्लिक करें।
कमेंट
कमेंट X