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सहज कुमार और सीतामढ़ी

                
                                                         
                            चलिए चलते हैं सीता माता की नगरी
                                                                 
                            
कहते इसको सीतामढ़ी
बसा है यह लखनदेई नदी के कगरी
हे यह ऐतिहासिक नगरी
है यह धार्मिक नगरी
यहां विश्वप्रसिद्ध पुनौराधाम है
यह शहर बहुत ही अभिराम है
यहां प्रसिद्ध मंदिर जानकी स्थान है
यहां लोगों के पास लोक व्यवहार का ज्ञान है
यहां परिमल,गीतेश,राकेश रेणु साहित्कार हैं
यहां बच्चा प्रसाद, सत्येन्द्र मिश्र कलमकार हैं
यहां प्रीति सुमन,आशा प्रसाद साहित्यकार हैं
यहां जब लोग मुंह खोलते हैं
बज्जिका, मैथिली बोलते हैं
हिंदी और उर्दू बोलते हैं
मैं यहां 1998 में आया
बच्चों को खूब पढ़ाया
शहर को आगे बढ़ाया
2012 में मैं छोड़ा इस शहर को
सीता माता के सुंदर नगर को
लोग मिले अच्छे अच्छे
दिल के अच्छे और सच्चे
यहां का रेलवे स्टेशन मुजफ्फरपुर को जोड़ता है
यह दरभंगा, नरकटियागंज को जोड़ता है
डुमरा है जिले का मुख्यालय
हैं यहां कई विद्यालय
सीता मढ़ी विकासरत है
पर डुमरा जस का तस है।
- सत्येन्द्र कुमार सिंह 'सहज'
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एक घंटा पहले

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