हम गंगा तट के वासी हैं
हम बागी बलिया के वासी हैं
हम गंगा के मैदान वाले हैं
हम भृगु स्थान वाले हैं
हम बड़े दिल वाले हैं
हम आन बान शान वाले हैं
बहती पावन गंगा की यहां धारा है
वीरों का जिला हमारा बहुत प्यारा है
राजा बलि ने जहां यज्ञ किया
भृगु ऋषि ने जहां तप किया
वह जिला हमारा है
वह जिला बड़ा प्यारा है
वह जिला राजदुलारा है
बहती जहां साहित्य की धारा है
बहती जहां वीरता की धारा है
मंगल पांडे का जिला हमारा है
सबसे ऊंचा स्वाभिमान हमारा है
सारा आसमान हमारा है
जग में जिला यह एक अनूठा
बाकी सारे जिलों को मिला जूठा
सबसे पहले हमनें अंग्रेजों को मारा है
बागी बलिया ज़िला हमारा है
यह हमारे आंखों का तारा है।
- सत्येन्द्र कुमार सिंह 'सहज'
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