आप अपनी कविता सिर्फ अमर उजाला एप के माध्यम से ही भेज सकते हैं

बेहतर अनुभव के लिए एप का उपयोग करें

विज्ञापन

छोटे बच्चे की किलकारियां

                
                                                         
                            छोटे बच्चे की प्यारी किलकारी,
                                                                 
                            
लगती जैसे खुशियों की फुलवारी।
उसकी हँसी में जादू ऐसा,
महक उठे घर-आँगन सारा।

नन्हे हाथों की मीठी शरारत,
आँखों में सपनों की है आहट।
कभी हँसता, कभी मुस्काता,
सबके दिल को खूब लुभाता।

उसकी किलकारी जब गूँजती है,
हर उदासी दूर कहीं खो जाती है।
नन्हे कदमों की प्यारी आहट,
जीवन में भर देती है चाहत।

बच्चों की हँसी है ईश्वर का उपहार,
इनसे ही जग लगता है सुंदर और प्यार।
सच ही तो है इस दुनिया की खुशहाली,
बसती है बच्चों की मीठी किलकारी।
- हम उम्मीद करते हैं कि यह पाठक की स्वरचित रचना है। अपनी रचना भेजने के लिए यहां क्लिक करें।
एक महीने पहले

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
विज्ञापन
X
बेहतर अनुभव के लिए
4.3
ब्राउज़र में ही

अब मिलेगी लेटेस्ट, ट्रेंडिंग और ब्रेकिंग न्यूज
आपके व्हाट्सएप पर