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खुद से एक सवाल

                
                                                         
                            आईना साफ कर रही थी वो
                                                                 
                            
खुद से पूछा एक सवाल,
क्यों नहीं रखती अपना ख्याल?
क्यों ख़फ़ा है खुद से
उठते ही जरा मुसकुरा भी ले
क्यों ख़फ़ा है खुद से ही
खुद से प्यार करके भी तो देख।
दूसरो को इतने मौके देती
एक बार खुद को भी एक मौका देकर तो देख
जो महँगा सा लिबास पसंद है खरीद ले
क्या पता कल ना मिले.
हर खुशी के लिए इजाज़त क्यों मांगती?
बार-बार जिंदगी दस्तक नहीं देती,
हर बार खुशियाँ सामने नहीं होती
और जब फिर से आइना साफ करे,
तो खुद से बस इतना कहना
सबका ख्याल रख लिया बहुत
अब जरा खुद का भी रखना।
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2 महीने पहले

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