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जन्मदिन विशेष: राहत इंदौरी के ये हैं 10 बड़े शेर... 

राहत इंदौरी
                
                                                         
                            राहत इंदौरी साल के पहले दिन पैदा हुए, उनका जन्म 1 जनवरी 1950 को हुआ। नए साल में हम काव्य चर्चा के अंतर्गत राहत इंदौरी साहब के 10 बड़े शेर पेश कर रहे हैं। वह अपने शेर में हर लफ़्ज़ के साथ मोहब्बत की नई शुरुआत करते हैं। राहत मोहब्बत को आदमी का हक़ मानते हैं। लिहाजा उनके शेर वजनदार होते हैं। 
                                                                 
                            

नए किरदार आते जा रहे हैं
मगर नाटक पुराना चल रहा है

रोज़ पत्थर की हिमायत में ग़ज़ल लिखते हैं...

रोज़ पत्थर की हिमायत में ग़ज़ल लिखते हैं
रोज़ शीशों से कोई काम निकल पड़ता है

ये हवाएं उड़ न जाएं ले के काग़ज़ का बदन
दोस्तो मुझ पर कोई पत्थर ज़रा भारी रखो

 
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रोज़ पत्थर की हिमायत में ग़ज़ल लिखते हैं...

7 वर्ष पहले

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