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जन्मदिन विशेष: जगजीत सिंह ने लता मंगेशकर से उम्दा शायरों को गवाया

lata mangeshkar and jagjit singh sajda album
                
                                                         
                            1991 में रिलीज़ हुई एल्बम 'सजदा' में जगजीत सिंह और लता मंगेशकर ने साथ में कई ग़ज़लकारों के कलामों को अपनी मखमली आवाज़ दी है। पेश हैं सजदा से कुछ चुनिंदा नग़्मे
                                                                 
                            

                                                                 
                            


दर्द से मेरा दामन भर दे/ क़तील शिफ़ाई 


दर्द से मेरा दामन भर दे या अल्लाह
फिर चाहे दीवाना कर दे या अल्लाह

मैनें तुझसे चाँद सितारे कब माँगे
रौशन दिल बेदार नज़र दे या अल्लाह

सूरज सी इक चीज़ तो हम सब देख चुके
सचमुच की अब कोई सहर दे या अल्लाह

या धरती के ज़ख़्मों पर मरहम रख दे
या मेरा दिल पत्थर कर दे या अल्लाह

ग़म का ख़ज़ाना/ शाहिद कबीर

ग़म का ख़ज़ाना तेरा भी है, मेरा भी
ये अफ़साना तेरा भी है, मेरा भी

अपने ग़म को गीत बना कर गा लेना
राग़ पुराना तेरा भी है, मेरा भी
ग़म का ख़ज़ाना...

तू मुझको और मैं तुझको समझाऊं क्या
दिल दीवाना तेरा भी है, मेरा भी
ग़म का ख़ज़ाना...

शहर मे गलियों-गलियों जिसका चर्चा है
वो अफ़साना तेरा भी है, मेरा भी
ग़म का ख़ज़ाना...

मयख़ाने की बात न कर वाईज़ मुझसे
आना-जाना तेरा भी है, मेरा भी
ग़म का ख़ज़ाना...


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ग़म का ख़ज़ाना/ शाहिद कबीर

7 वर्ष पहले

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