उत्तराखंड राज्य कर मिनिस्ट्रीयल स्टाफ एसोसिएशन के आह्वान पर पदाधिकारियों व कर्मचारियों ने बांहों पर काला फीता बांधकर एक घंटे धरना-प्रदर्शन किया। उन्होंने संरचनात्मक ढांचे का पुर्नगठन करने समेत 10 सूत्री मांग उठाई और मांगें नहीं मानने पर आंदोलन की चेतावनी दी। शुक्रवार की सुबह 11 बजे से 12 बजे तक कर्मचारी राज्य कर कार्यालय के गेट पर धरने पर बैठे और प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि सरकार कर्मचारी ढांचे के पुर्नगठन पर पक्षपात कर रही है। अंतिम बार ढांचा वर्ष 2006 में स्वीकृत हुआ था लेकिन 20 साल बाद भी संरचनात्मक ढांचे के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है। व्यापारियों की संख्या बढ़ने पर काम का अत्यधिक दबाव बना हुआ है। विभाग में स्वीकृत पदों की संख्या 2006-07 से मात्र 777 पद ही है और इसमें 20 वर्षों से कोई वृद्धि नहीं हुई है। राज्य कर विभाग में सरकारी कार्यालयों के लिए जो पिरामिड हायर संरचना है, वह बिल्कुल विपरीत स्थिति को प्रदर्शित कर रही है। वहां पर एसोसिएशन के प्रदेश उपाध्यक्ष विशाल अग्रवाल, शाखा अध्यक्ष संजय उपाध्याय, महामंत्री नितीश जोशी, सबा रानी, किरन रावत, कुसुम वर्मा, राकेश जखमोला, गीता कोरंगा आदि मौजूद रहे।