पिथौरागढ़ जिले के गुरना में स्कूल से आंगनबाड़ी केंद्र शिफ्ट करने पर भड़कीं क्षेत्र की महिलाओं ने कलक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि कुछ लोग अपने निजी स्वार्थ के लिए आंगनबाड़ी केंद्र का संचालन पंचायत भवन में करना चाह रहे हैं। पशु चिकित्सालय के पास पंचायत भवन में बच्चों को भेजने से बीमारी का खतरा है। कहा वे अपने बच्चों को पंचायत भवन में नहीं भेजेंगीं। गुरना की महिलाएं कलक्ट्रेट पहुंची और प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि पिछले 10 सालों से आंगनबाड़ी केंद्र का संचालन प्राथमिक विद्यालय में किया जा रहा है। आंगनबाड़ी कक्ष में पर्याप्त रोशनी, शौचालय, पानी सहित अन्य सभी सुविधाएं उपलब्ध हैं। वर्ष 2015 में सुविधाओं के अभाव में केंद्र को पंचायत भवन से स्कूल में शिफ्ट किया गया। अब कुछ लोग इसे फिर से पंचायत भवन में शिफ्ट करने का दबाव बना रहे हैं जो गलत है। इसके पीछे तथाकथित लोगों का निजी स्वार्थ है। कहा कि पंचायत भवन पशु चिकित्सालय और सड़क से नजदीक है। पशु चिकित्सालय में बीमार जानवरों को इलाज के लिए लाया जाता है। ऐसे में पशु चिकित्सालय और सड़क के नजदीक आंगनबाड़ी केंद्र के संचालन से बच्चों में बीमारी का खतरा है। वहीं सड़क नजदीक होने से दुर्घटना की आशंका भी है। उन्होंने डीएम को भी ज्ञापन देकर इस पर उचित निर्णय लेने की मांग की। चेतावनी देते हुए कहा यदि जबरन आंगनबाड़ी केंद्र शिफ्ट किया गया तो वे आंदोलन करेंगीं और अपने बच्चों को यहां नहीं भेजेंगी। प्रदर्शन करने वालों में उर्मिला देवी, गोविंदी भट्ट, भावना जोशी, ज्योति, ममता, निर्मला मेहता, दीपा जोशी, बबीता देवी, राखी देवी, हेमा देवी, संगीता लोहिया, सुमन, कविता देवी सहित कई महिलाएं शामिल रहीं।