पिथौरागढ़। कलक्ट्रेट में हुई जनसुनवाई में हंगामा हुआ। ग्राम प्रधानों ने श्रम विभाग के अधिकारी पर लोगों को परेशान करने का आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की। कलक्ट्रेट सभागार में आयोजित जनसुनवाई की अध्यक्षता अपर जिलाधिकारी योगेंद्र सिंह ने की। जनसुनवाई में बड़ी संख्या में लोग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे। इसी बीच संगठन के जिलाध्यक्ष हेमराज बिष्ट के नेतृत्व में ग्राम प्रधान जनसुनवाई में पहुंचे। उन्होंने श्रम विभाग के एक अधिकारी के व्यवहार पर लोगों को परेशान करने का आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि संबंधित अधिकारी नये श्रम कार्ड बनाने और इनके नवीनीकरण के लिए पहुंच रहे श्रमिकों को बेवजह परेशान कर रहे हैं। जनप्रतिनिधियों ने कहा कि डीएम से मिलकर जब वे गेट की तरफ बढ़ रहे थे तभी संबंधित अधिकारी ने अशिष्ट भाषा का प्रयोग किया। हंगामा बढ़ता देख एडीएम ने ग्राम प्रधानों का आक्रोश शांत करते हुए संबंधित अधिकारी को अपने व्यवहार में बदलाव लाते हुए स्थानीय स्तर पर शिविर लगाकर समस्याओं का समाधान करने के निर्देश दिए। इसके बाद ग्राम प्रधानों ने डीएम से मिलकर नये श्रम कार्ड और नवीनीकरण का कार्य एक ही स्थान पर किए जाने की मांग की। इस मौके पर संगठन के जिला महामंत्री लक्ष्मण सिंह, ग्राम प्रधान गैठना कुंदन सिंह बिष्ट, प्रधान पनखोली प्रियंका, प्रधान ग्राम पंचायत खूना मंजू, जाख के प्रधान योगेश चंद्र भट्ट, कल्पना देवी, नेहा आदि शामिल रहे। ---- इनसेट---- अधिकारियों पर मदद नहीं करने का लगाया आरोप पिथौरागढ़। जनसुनवाई में पपदेव की ग्राम प्रधान कमला वर्मा ने वन पंचायत के चुनाव कराकर उसमें 50 प्रतिशत महिला आरक्षण सुनिश्चित किए जाने की मांग की। चमलेख डीडीहाट से आए नंदन सिंह बसेड़ा ने कृषि भूमि की घेराबंदी करने के लिए उद्यान और कृषि विभाग के अधिकारियों पर मदद नहीं करने का आरोप लगाया। एडीएम ने उनसे फार्मर रजिस्ट्री कराने को कहा जिससे उन्हें विभाग की सभी योजनाओं का लाभ मिल सके। विषाड़ गांव से आई बुजुर्ग गुरुकुली देवी ने आर्थिक तंगी का हवाला देकर राशन, स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतों का समाधान करने की मांग की। एक हाथ और एक पैर से लाचार डीडीहाट निवासी रमेश राम उपचार न होने की समस्या रखी। एडीएम ने संबंधित अधिकारियों को सभी समस्याओं के शीघ्र समाधान के निर्देश दिए।