नैनीताल में आर्यभट्ट प्रेक्षण विज्ञान शोध संस्थान (एरीज) ने विज्ञान दिवस के उपलक्ष्य में स्कूली बच्चों के लिए कई वैज्ञानिक कार्यक्रम आयोजित किए। इस कार्यक्रम का उद्देश्य सरकारी स्कूल के विद्यार्थियों में विज्ञान के प्रति समझ विकसित करना था। साथ ही उन्हें हर चीज को वैज्ञानिक दृष्टिकोण से देखने के लिए प्रेरित करना था। ताकि अंधविश्वास से बचा जा सके। शुक्रवार को एरीज में स्कूली छात्रों के लिए विज्ञान की जानकारी से जुड़े विशेष सत्र आयोजित किए गए। संस्थान के विशेषज्ञों ने छात्रों को विज्ञान और खगोल विज्ञान के बारे में जानकारी दी। उन्हें दूरबीन से सूर्य भी दिखाया गया। इस वर्ष विज्ञान दिवस की थीम विज्ञान में महिलाएं- विकसित भारत है। इसी दिशा में एरीज ने महिला वैज्ञानिकों डॉ. कुंतल मिश्रा और डॉ. नीलम पवार के माध्यम से छात्रों को वैज्ञानिक व्याख्यान दिए। संस्थान के निदेशक डॉ. मनीष नाजा ने छात्रों से वैज्ञानिक दृष्टिकोण अपनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि छात्र अपने जीवन में वैज्ञानिक दृष्टिकोण अपनाएं। संस्थान के वैज्ञानिक डॉ. वीरेंद्र यादव ने छात्रों को विज्ञान दिवस की गतिविधियों के बारे में विस्तार से बताया। विज्ञान केंद्र के सहकर्मियों कमल जीना और मोहित सिंह ने छात्रों को दूरबीन से विभिन्न वैज्ञानिक गतिविधियां दिखाईं। संस्थान के रजिस्ट्रार मोहित जोशी ने बताया कि 28 फरवरी शनिवार को भी एरीज आम जनता के लिए खुला रहेगा। कोई भी व्यक्ति निशुल्क आकर विज्ञान दिवस पर एरीज की वैज्ञानिक सुविधाओं का लाभ ले सकता है। कार्यक्रम में शहीद सैनिक पब्लिक स्कूल, राष्ट्रीय सैनिक पब्लिक स्कूल, जीजीआईसी, मोहन लाल साह बालिका, इंटर कॉलेज, बिड़ला बाल विद्या मंदिर, लौंग व्यू पब्लिक स्कूल के करीब 250 बच्चों ने कार्यक्रम में प्रतिभाग किया।