लोहाघाट में पुलिस प्रशासन के नगर के मीना बाजार से जयंती भवन तक लागू की गई वन-वे ट्रैफिक व्यवस्था का कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विरोध किया है। विधायक खुशाल सिंह अधिकारी के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने धरना देकर वन-वे व्यवस्था खत्म करने की मांग की। बाद में एसपी से वार्ता के बाद कार्यकर्ताओं ने धरना स्थगित किया। सोमवार को मीना बाजार चौराहे में विधायक खुशाल सिंह अधिकारी के नेतृत्व में पुलिस की ओर से लागू की गई वन-वे ट्रैफिक व्यवस्था के विरोध में कांग्रेसी धरने पर बैठ गए। उन्होंने कहा कि प्रशासन ने बगैर किसी राजपत्र अधिसूचना के मीना बाजार से जयंती भवन तक सुबह आठ बजे से रात आठ बजे तक 12 घंटे वन-वे ट्रैफिक व्यवस्था लागू कर दी है। इससे मीना बाजार के व्यापारियों और लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। वन-वे के चलते यहां वाहनों की आवाजाही कम होने से व्यापारियों का व्यापार चौपट हो गया है। उन्होंने कहा कि अगर यातायात को ठीक करना है तो सबसे पहले मीना बाजार में सड़क किनारे किसी भी वाहनों को न खड़ा होने दें। विधायक ने कहा कि पूर्व की तरह स्कूल खुलने व बंद होते समय वन वे व्यवस्था को लागू करे। उन्होंने कहा कि अगर जल्द व्यवस्था को ठीक न किया गया तो वह वह उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे। विधायक अधिकारी ने धरना स्थल से ही एसपी अजय गणपति से फोन पर वार्ता कर 14 दिन के ट्रायल को कम कर वन-वे व्यवस्था को हटाने के लिए कहा। एसपी ने विधायक को आश्वासन दिया कि जल्द सर्वे पूरा होने के बाद एक बार बैठक की जाएगी जिसमें व्यापारी भी शामिल होगें। वहां कांग्रेस नगर अध्यक्ष अमर सिंह कोटियाल, भगीरथ भट्ट, चांद सिंह बोहरा, भुवन चौबे, प्रदीप देव, जितेंद्र साह, डॉ. महेश ढेक, नवीन जोशी, हरीश कुमार, बल्लू ढेक, व्यापारी जीवन उप्रेती, कैलाश मेहता, कैलाश बिष्ट, रमेश गिरी, राम सिंह, हरीश कुमार आदि थे।