समुद्र तल से करीब 10 हजार फीट की ऊंचाई पर स्थित भगवान फ्यूलानारायण मंदिर के कपाट विधि-विधान के साथ दोपहर एक बजे श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए। कपाट खुलने के बाद पुरुष पुजारी के साथ महिला पुजारी ने इस वर्ष की पहली पूजा-अर्चना संपन्न कराई। कपाट खुलने के साथ ही श्रद्धालुओं ने भगवान फ्यूलानारायण के दर्शन कर पूजा-अर्चना की।