नौटी में आयोजित दस दिवसीय मौडवी महोत्सव बुधवार को पूर्णाहुत के साथ संपन्न हो गया है। इस दौरान ध्याणियों को सम्मानित किया गया। साथ ही आयोजकों द्वारा श्रद्धालुओं के लिए प्रसाद के रूप में सामूूूूूूूूहिक भोग का आयोजन किया गया। नौटी के उफराईं देवी मंदिर में दो दिसंबर से मौडवी महोत्सव का आयोजन किया गया। भूमियाल, क्षेत्रपाल आदि देवताओं की पूजा के रूप में आयोजित होने वाले इस महोत्सव का आयोजन हर 12 साल में होता है। हालांकि इस बार इस महोत्सव का आयोजन 14 साल बाद किया गया। जिसमें भारी संख्या में ग्रामीण, गांवों के प्रवासी और ध्याणियां शामिल हुईं। बुधवार को मंदिर में मैठाणी ब्राह्मणों द्वारा पूजा अर्चना की गई। जिसके बाद श्रीमद देवी भागवत कथा का सार कथावाचक नागेंद्र प्रसाद तिवाड़ी ने श्रद्धालुओं को बताया। हवन में पूर्णाहुति के बाद महोत्सव का अनुष्ठान संपन्न हुआ। ध्याणियों को सम्मान और श्रद्धालुओं को भोग लगाया गया। इस दौरान कांसुवा राजवंशी कुंवर भी महोत्सव में शामिल हुए। कुंवर डा. राकेश कुंवर के नेतृत्व में राजवंशियों ने देवी नंदा और उफराईं की पूजा अर्चना की।