बागेश्वर में केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी हर घर नल, हर घर जल योजना का ढिंढोरा तो खूब पिटा जा रहा है, लेकिन धरातल की तस्वीर सरकारी दावों से बिल्कुल उलट है। कपकोट ब्लॉक के पुड़कुनी ग्राम पंचायत का गैरपटा तोक इसका जीता-जागता प्रमाण है, जहां ग्रामीण आज भी पानी की एक-एक बूंद के लिए संघर्ष कर रहे हैं। गांव में पेयजल के लिए हालात इतने बदतर हैं कि ग्रामीणों को पेयजल के लिए अपने घर से लगभग एक किलोमीटर नीचे एक टैंक तक का सफर तय करना पड़ता है। पानी का कोई स्थायी स्रोत घर के पास न होने के कारण, ग्रामीण दिन भर में कई बार लंबी दूरी तय करके पानी ढोने को मजबूर हैं। पानी के लिए लगने वाली कतार और इंतजार ने ग्रामीणों की दिनचर्या को ही बदल कर रख दिया है। स्थानीय लोगों के अनुसार हर घर जल का पाइपलाइन तंत्र या तो बिछा ही नहीं है, और जहां बिछा भी है, तो वहां पानी का नामोनिशान नहीं है। गर्मी का मौसम आते ही अब ग्रामीणों की चिंता और बढ़ने लगी है।