आज से पितृपक्ष शुरू हो गया है। ऐसे में पितृपक्ष के पहले दिन काशी में पितरों के लिए श्राद्ध व तर्पण हुआ। सोमवार को गंगातट के साथ ही पिशाचमोचन कुंड पर श्राद्ध और तर्पण करने वालों की भीड़ सुबह से जुटी रही। नवमी तिथि की हानि के कारण इस बार पितृपक्ष 14 दिनों का ही होगा। सोमवार को सूर्य को साक्षी मानकर श्रद्धालुओं ने पितरों को तिल और जल देकर तर्पण किया। पिशाचमोचन पर मध्याह्न में श्राद्ध व तर्पण करने के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ रही। गंगा का जलस्तर बढ़ने के कारण घाट पर जगह नहीं होने के कारण गलियों में श्राद्ध व तर्पण करना पड़ रहा है।