भूतभावन बाबा विश्वनाथ के साथ रंगभरी एकादशी पर अबीर गुलाल संग होली खेलने के बाद मंगलवार की सुबह मणिकर्णिका घाट की विश्व प्रसिद्ध मसाने की होली का उत्सव शुरू हो गया। माता पार्वती का गौना कराकर अपने धाम में लौटे बाबा विश्वनाथ अपने गणों नन्दी, श्रृंगी, भृंगी और भूत प्रेत के साथ जलती चिताओं की भस्म से अद्भुत होली खेली। इस दौरान हर- हर महादेव के जयघोष से पूरा घाट गूंज उठा।