राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 30 से बिसवां व लहरपुर मार्ग को जोड़ने वाले खैराबाद के जर्जर नहर बाईपास के अच्छे दिन शुरू हो गये हैं। करीब छ किलोमीटर लंबे इस मार्ग का 13.80 करोड़ रुपये से निर्माण कार्य शुक्रवार को शुरू हो गया। 12 वर्षों से बदहाल खैराबाद बाईपास के निर्माण कार्य का नगर विकास राज्यमंत्री राकेश राठौर गुरू ने नारियल फोड़कर शुभारंभ किया। इसकी पहली किस्त 4.14 करोड़ रुपये जारी हो चुकी है। यह बाईपास बनने से 50 गांवों की सवा लाख आबादी का आवागमन सुगम होगा। साथ ही बहराइच व नेपाल बॉर्डर तक जाने वाले भारी वाहनों की राह भ सुगम होगी। खैराबाद नहर बाईपास 12 वर्षों से जर्जर था। इसके पुनर्निर्माण की मांग को लेकर कई बार ग्रामीणों ने धरना प्रदर्शन भी किया था। अमर उजाला लगातार इस समस्या को उठाता रहा। आलम यह था कि बारिश के महीने में यह बाईपास तालाब का रूप ले लेता था। अक्सर इस मार्ग पर ट्रक व अन्य भारी वाहन दलदल में फंसे नजर आते थे। वाहन चालकों को अपनी फंसी गाड़ियों को निकलवाने के लिए भारी कीमत चुकानी पड़ती थी। आसपास के किसानों को गन्ने व अपनी फसलों को खेतों से बाजार तक लाने के लिए पसीने आ जाते थे। इस पर अमर उजाला ने लगातार खबरों का प्रकाशन किया। खबरों का संज्ञान लेकर राज्यमंत्री राकेश राठौर गुरू ने लोक निर्माण मंत्री को पत्र लिखकर जर्जर बाईपास को बनवाने का अनुरोध किया। इसका परिणाम यह हुआ कि निर्माण कार्य शुरू हो गया। ग्रामीणों व नगरवासियों ने अमर उजाला को धन्यवाद दिया। लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों ने बताया कि यह नहर बाईपास करीब छह माह में बनकर कर तैयार हो जायेगा।