पीलीभीत के बांसुरी महोत्सव में वाराणसी और वृंदावन के कलाकारों की प्रस्तुति ने दर्शकों का मन मोह लिया। मयूर नृत्य और शिव तांडव देख दर्शक भाव-विभोर हो गए। रविवार देर रात तक कार्यक्रम चलते रहे। वहीं, सोमवार की देर रात अखिल भारतीय कवि सम्मेलन की शुरुआत हुई। कवियों ने दर्शकों की जमकर तालियां बटोरी। शहर के ड्रमंड राजकीय इंटर कॉलेज में रविवार से तीन दिवसीय बांसुरी महोत्सव शुरू हुआ है। पहले दिन देर रात महोत्सव में प्रसिद्ध बांसुरी वादक राजेंद्र प्रसन्ना ने बांसुरी की धुन से दर्शकों को झूमने पर मजबूर किया। इसके बाद बनारस के शिवोहम ग्रुप के कलाकारों ने शिव तांडव की सुंदर प्रस्तुति दी। करीब एक घंटे तक चले इस कार्यक्रम से माहौल भक्तिमय हो गया। पांडाल में भोलेनाथ के जयकारे गूंजे। देर रात वृंदावन के कलाकारों ने मयूर नृत्य प्रस्तुत किया। साथ ही फूलों की होली खेली। जिसे देख दर्शक झूम उठे और जमकर तालियां बजाई। वहीं, सोमवार शाम महोत्सव में बच्चों ने सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए। देर रात अखिल भारतीय कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया। सिटी मजिस्ट्रेट विजय वर्धन तोमर, एसडीएम सदर आशुतोष गुप्ता समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।