उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद के मझोला थाना क्षेत्र में हर्बल पार्क के पास शनिवार को हुंडई शोरूम के मैनेजर मोहम्मद परवेज का सात सदस्यीय गिरोह ने फिल्मी अंदाज़ में अपहरण कर लिया। आरोपियों में दो महिलाएं भी शामिल थीं। परवेज को कांठ क्षेत्र के नया गांव स्थित एक घर में बंधक बनाकर उसके चचेरे भाई से 10 लाख रुपये की फिरौती मांगी गई। परिजनों ने आरोपी के बताए खाते में 83 हजार रुपये भेज भी दिए, फिर भी परवेज को रिहा नहीं किया गया।
परिजनों की शिकायत पर पुलिस सक्रिय हुई और मोबाइल लोकेशन के आधार पर रविवार रात दबिश देकर परवेज को सकुशल मुक्त कराया। पुलिस ने विकुल, उसकी पत्नी संगीता, शोभित त्यागी, अमन, नितिन, शाकिर और नेहा को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
जांच में खुलासा हुआ कि गिरोह लंबे समय से किसी ऐसे शख्स की तलाश में था, जिसे हनीट्रैप में फंसाकर फिरौती वसूली जा सके। नेहा, जिसकी परवेज से पांच माह पहले मुलाकात हुई थी, उसे ब्लैकमेल कर रही थी और उसी ने गिरोह को परवेज के बारे में जानकारी दी। गिरोह फिरौती मिलने के बाद परवेज की हत्या कर शव व मोबाइल नदी में बहाने की योजना बना चुका था। गिरोह का संचालन विकुल और उसकी पत्नी संगीता करती थी।