यूपी पीसीएस में 13वीं रैंक हासिल करने के बाद सुषमा यादव इंदारा स्थित अपने ससुराल पहुंची। घर वाले और शुभचिंतकों ने उनका भव्य स्वागत किया। ढोल नगाड़ों के बीच महिलाओं ने उन्हें माला पहनाया और उनका मुंह मीठा कराया। सुषमा यादव के ससुराल की पृष्ठभूमि राजनीति रही है। लेकिन उन्होंने राजनीति से हटकर एक अधिकारी बनने का सपना देखा। सुषमा यादव ने बताया कि पढ़ाई के दिनों में आयोजित कार्यक्रम में उपजिलाधिकारी आए थे। एसडीएम से प्रभावित होकर पीसीएस अधिकारी बनने का संकल्प ले लिया। लाकडाउन के दौरान पढ़ने का अच्छा समय मिल गया।उसी दौरान सीनियर की सहायता से पढाई शुरू की और एसडीएम बनने का सपना देखी। और उसी की तैयारी में लगी रही। परिवार जरूर राजनीति था पर हमेशा से स्वयं से कुछ करने का सपना था। घर पर ही सेल्फ स्टडी करती रही। लगातार चार बार की असफलता से निराश नहीं हुई। पांचवें प्रयास में यूपी पीसीएस में 13वीं रैंक हासिल कर ही दम लिया। सुषमा यादव की शादी पूर्व विधायक स्वर्गीय कपिलदेव यादव के पौत्र पंकज यादव से वर्ष 2022 में हुई थी। पति पंकज यादव काॅलेज संचालक हैं।सुषमा यादव पोस्ट ग्रेजुएशन वर्ष 2018 में करने के बाद एमएससी करने के बाद एलएलबी की। उसके बाद से वर्ष 2021 से यूपी पीसीएस की तैयारी में लग गई। सुषमा यादव का कहना था कि परिवार के सहयोग से ही सपना पूरा हुआ है।अपने पति सास-ससुर व सात माह के बच्चे को लेकर यूपी पीसीएस की तैयारी करती रही।