राधारानी की प्रधान सखी ललिताजी के जन्मोत्सव पर बरसाना के अलावा ऊंचागांव झूम उठा। दोपहर करीब बारह बजे ललिता मन्दिर के सेवायतों ने ललिता जी की श्रीविग्रह को घी, दूध, दही, शहद, बूरा, केसर, जटामसी, चन्दन चूरा, नागार मोथा, अगर तगर, पंच मेवा, गुलाब जल, इंत्र, घोघृत आदि का पंचामृत बनाकर अभिषेक कराया गया।