मथुरा के सौंख में नगला चिंता के मंदिर में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद् भागवत कथा महोत्सव के चौथे दिन श्रद्धा और भक्ति का संगम देखने को मिला। कथा वाचक संजना कृष्ण शास्त्री ने श्री प्रह्लाद चरित्र, वामन अवतार, गजेंद्र मोक्ष, समुद्र मंथन और श्रीराम जन्म प्रसंग का वर्णन किया। जन्मोत्सव के प्रसंग पर कथा पंडाल जय श्रीराम के उद्घोष से गूंज उठा। कथा वाचक संजना कृष्ण शास्त्री ने कहा कि कलयुग में श्रीमद् भागवत कथा के श्रवण मात्र से ही जीव को मोक्ष की प्राप्ति होती है और जन्म-जन्मांतर के पापों का नाश हो जाता है। कथा का श्रवण भटके हुए मनुष्य को सही मार्ग दिखाता है। दुखों का अंत करता है और जीवन को सकारात्मक दिशा देता है। इस मौके पर परीक्षित थान सिंह भगत सहित ग्रामीण मौजूद रहे।