कानपुर-लखनऊ रेलमार्ग पर मगरवारा रेलवे स्टेशन के पास बुधवार की रात डाउन ट्रैक पर सीमेंट का स्लीपर रखा मिलने की घटना के बाद भी रेलवे नहीं चेत रही है। गंगाघाट रेलवे स्टेशन की रेल पटरियों के बीच जगह-जगह एक माह से स्लीपर पड़े हैं, जिन्हें नहीं हटाया गया। इससे यात्रियों को आवागमन में दिक्कत होने से साथ हादसे का भी डर बना रहता है। एक माह पहले रेल पथ विभाग द्वारा गंगाघाट रेलवे स्टेशन के अप लूप रेल लाइन पर नए स्लीपर डाले जाने के लिए डाउन की मेन और अप की मेन लाइनों व प्लेटफार्म के किनारों पर उन्हें जगह-जगह डाल दिया गया, जो रेल पटरियों के नजदीक पड़े है। ऐसे में किसी भी रोज कोई बड़ा हादसा हो सकता है। मालूम हो कि बुधवार की रात मगरवारा रेलवे स्टेशन की डाउन रेल लाइन के किनारे रखा एक स्लीपर रेल पटरी पर आ गया था। गनीमत रही कि उस ओर जा रही मालगाड़ी के चालक की निगाह पड़ गई, अन्यथा बड़ी घटना हो सकती थी। स्टेशन अधीक्षक शकील ने बताया कि स्लीपर रेल ट्रैक किनारे पड़े होने की जानकारी रेल पथ विभाग को दी जा चुकी है।