राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में बुधवार को बीएनएसडी शिक्षा निकेतन तरुणी बैठक का आयोजन किया गया। इस माैके पर संघ की अखिल भारतीय कार्यकारिणी के सदस्य मनमोहन वैद्य भारत में रहने वालों को आजादी सहज नहीं मिली है। इसके लिए भगत सिंह, सुभाष चन्द्र बोस जैसे अनगिनत क्रांतिकारियों अपने जीवन का बलिदान दिया। कहा कि हमारी सबसे बड़ी जिम्मेदारी भारत देश को उसी के अनुरूप बनाए रखना है। यह जिम्मेदारी युवाओं की है। उन्होंने कहा कि एजुकेशन के साथ लर्निंग भी अनिवार्य रूप से होनी चाहिए। यह जीवन को सही दिशा देती है। वैद्य ने कहा कि समय सबके लिए समान है। ऐसे में युवा टास्क मैनेजमेंट करना सीखें। उन्होंने कार्यों को चार श्रेणियों विभाजित करके बताया। बताया कि अर्जेंट, महत्वपूर्ण और अर्जेँट महत्वपूर्ण नहीं, के हिसाब से प्राथमिकता तय करनी चाहिए। कार्यक्रम में विद्यार्थियों सहित प्रांत संघ चालक भवानी भीख, प्रांत प्रचारक श्रीराम, डाॅ. अनुपम, श्याम बाबू गुप्त, बैरिस्टर सहित अनेक लोग उपस्थित रहे।