कानपुर में अमर उजाला द्वारा चलाए गए विशेष अभियान “ऑपरेशन मुस्कान” का असर अब जमीन पर दिखाई देने लगा है। अपनों से उपेक्षित अनाथ बच्चों को अब पूरे शहर का सहारा मिल रहा है। बरसात से पहले जहां बच्चों के पास रहने के लिए केवल एक छोटा कमरा था, वहीं अब उनके लिए नए भवन के निर्माण की तैयारी शुरू हो चुकी है। उत्तर प्रदेश आदर्श व्यापार मंडल ने जनसहयोग से बच्चों के लिए सुरक्षित आशियाना बनाने का संकल्प लिया है। प्रशासनिक स्तर पर मौखिक अनुमति मिलने के बाद निर्माण कार्य की तैयारियां तेज कर दी गई हैं। भवन निर्माण के लिए अब तक पांच हजार ईंटें, पांच ट्रॉली मौरम, पांच ट्रॉली गिट्टी, चार कुंतल सरिया और पचास बोरी सीमेंट समेत करीब एक लाख तीस हजार रुपये की निर्माण सामग्री पहुंचनी शुरू हो गई है। व्यापार मंडल के जिला अध्यक्ष महेश वर्मा ने कहा कि अनाथ बच्चों का पूरा कानपुर अभिभावक बनकर खड़ा है। व्यापारी, समाजसेवी और आम लोग बच्चों के लिए बढ़-चढ़कर सहयोग कर रहे हैं। वहीं संगठन के महामंत्री रजत पाण्डेय ने बताया कि बच्चों ने उन्हें “मामा” कहा है और उसी रिश्ते की जिम्मेदारी निभाने के लिए जनसहयोग से भवन निर्माण का निर्णय लिया गया है। उन्होंने बताया कि भवन का मानचित्र तैयार हो चुका है, ठेकेदार तय कर लिया गया है और अब निर्माण कार्य शुरू होने जा रहा है। बच्चों में भी नए घर को लेकर उत्साह है और वे खुशी जताते हुए कह रहे हैं कि अब उनका भी अपना मकान बनेगा।