रुक-रुक लगातार होती रही बारिश से सिंघाड़े की फसल की पैदावार बीते वर्षों से इस बार बहुत अच्छी है। बाजारों में अधिक उपलब्धता से सिंघाड़े को अच्छे दाम नहीं मिल रहे हैं। किसानों का कहना है कि तुड़वाई समेत अन्य लागत नहीं निकल पा रही है। जबकि पैदावार बंपर हुई है। दीपावली के बाद तक फल का आकार बड़ा हो जाने से केवल सब्जी बनाने के प्रयोग हेतु बचेगा।