कारागार मंत्री एवं गोंडा के प्रभारी मंत्री दारा सिंह चौहान शनिवार को जिले के दौरे पर पहुंचे। उन्होंने प्रेस वार्ता में कहा कि 'विकसित भारत-जी राम जी योजना' का भी जिक्र किया। बताया कि इस योजना के तहत पात्र लाभार्थियों को 125 दिनों का रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा। इससे गरीब, मजदूर और श्रमिक वर्ग को सीधा लाभ मिलेगा। उन्होंने जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों से योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार का भी आह्वान किया। कारागार मंत्री ने दावा किया कि प्रदेश की जेलें अत्याचार का नहीं, बल्कि सुधार का केंद्र बन चुकी हैं। जेल प्रशासन को चेतावनी दी कि अगर किसी भी जेल में कैदियों को असुविधा हुई, तो जिम्मेदार अधिकारी और कर्मचारी बख्शे नहीं जाएंगे। उन्होंने कहा कि पिछली सरकारों में जेलों को लेकर लगातार अत्याचार और अनियमितताओं की शिकायतें सामने आती थीं, लेकिन मौजूदा सरकार ने जेलों को सुधार गृह के रूप में विकसित किया है। अब कैदियों को नियमों के तहत सभी जरूरी सुविधाएं दी जा रही हैं। किसी भी स्तर पर भेदभाव नहीं हो रहा। आजम खां के परिवार द्वारा लगाए गए आरोपों पर मंत्री ने कहा कि ये आरोप पूरी तरह राजनीतिक हैं। जेल प्रशासन नियमों के अनुसार काम कर रहा है। किसी विशेष व्यक्ति या वर्ग के साथ अलग व्यवहार नहीं किया जा रहा है।