गोंडा जिला महिला अस्पताल में दो साल पहले लाई गई हेल्थ एटीएम मशीन से अभी तक एक भी गर्भवती की जांच नहीं हो पाई। आयुष्मान कक्ष में पड़ी मशीन धूल फांक रही है, जबकि प्रतिदिन अस्पताल में 80 से अधिक महिलाओं को खून से संबंधी व अन्य जांच कराने के लिए घंटों का इंतजार करना पड़ रहा है। जहां हेल्थ एटीएम से सामान्य जांचों की रिपोर्ट पांच से दस मिनट में मिल जानी थी, वहीं गर्भवतियों को हीमोग्लोबिन की जांच रिपोर्ट के लिए दो घंटे का इंतजार करना पड़ रहा है। अमर उजाला की पड़ताल में बड़ी लापरवाही सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग के जिम्मेदारों ने जल्द रीजेंट मंगवाकर मशीन से जांच शुरू करने की बात कहीं। अपर निदेशक स्वास्थ्य डॉ. जयंत कुमार ने कहा कि जल्द ही हेल्थ एटीएम मशीन से जांच शुरू कराई जाएगी।