वाराणसी-जंघई रेल प्रखंड पर अर्जुनपुर गांव के पास रविवार को दोपहर में बीमारी से तंग होकर प्रतिभा दूबे (21) पुत्री प्रमोद दूबे ने काशी एक्स्प्रेस के सामने कूदकर जान दे दी। घटना के बाद ट्रेन करीब आधे घंटे तक रूकी रही। ट्रैक से शव हटने के बाद ट्रेन गंतव्य को रवाना हुई। पुलिस ने शव को पोस्टमाटम के लिए भेज दिया। अर्जुनपुर गांव निवासी प्रमोद दूबे ने बताया कि उनकी बेटी प्रतिभा की तबियत एक साल से खराब चल रही थी। उसका उपचार भी चल रहा था, लेकिन स्वास्थ्य में सुधार न होने से वह परेशान थी। उन्होंने बताया कि रविवार को सुबह 11 बजे खाना खाने के बाद वह खेत में जाने की बात कहकर निकली। काफी देर तक नहीं लौटी तो घर वाले परेशान हो गए। कुछ ग्रामीणों ने बताया कि वह रेलवे ट्रैक की ओर गई है। उसी दौरान पता चला कि प्रतिभा गोरखपुर-दादर काशी एक्सप्रेस (डाउन) के सामने कूदकर जान दे दिया है। ट्रेन से उसका शव करीब 50 मीटर तक घिसटने से क्षत-विक्षत हो गया। खबर मिलने पर आरपीएफ के हरेंद्र यादव मौके पर पहुंचे। उन्होंने परिजनों की मदद से ट्रैक से शव को हटाया और रेल यातायात बहाल किया। घटना के कारण करीब आधे घंटे तक ट्रेनें रुकी रहीं, जिसमें एक मालगाड़ी भी प्रभावित हुई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। दुर्गागंज थाना प्रभारी रमेश कुमार ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का लग रहा है।