भदोही ज्ञानपुर में घाट किनारे जमा सिल्ट बन रही जनता की परेशानी। गंगा का जलस्तर कम होने के बाद भी किनारे पर जमा मिट्टी के न हटने से जनता में निराशा है। पितृपक्ष का समापन बुधवार को होगा। इस दिन पितरों को पिंडदान करने के लिए आस्थावान गंगा घाटों पर जुटेंगे। गंगा का जलस्तर घटने के बाद घाटों की साफ-सफाई नहीं हो सकी है। जिससे घाटों पर सील्ट और गंदगी फैल गई है। सफाई न होने से बुधवार यानि दो अक्तूबर को पिंडदान करने वालों को परेशानी का सामना करना पड़ेगा। क्षेत्रीय लोगों ने घाटों की सफाई की मांग की है। जिले में रामपुर घाट, बिहरोजपुर, सीतामढ़ी, भोगांव समेत दर्जन भर ऐसे गंगा घाट हैं, जहां पितृपक्ष में लोग अपने पितरों का तर्पण करते हैं। पूर्वजों की याद में करीब एक पखवाडे़ तक चलने वाला पितृपक्ष तर्पण के साथ ही बुधवार को समाप्त हो जाएगा। बारिश के सीजन में गंगा का जलस्तर बढ़ने से काफी ऊपर तक पानी आ गया था, लेकिन अब वह नीचे चला गया है। इससे घाटों पर बहकर आई गंदगी जगह-जगह जमा हो गई है। जिला प्रशासन की ओर से साफ-सफाई को लेकर कोई ठोस पहल नहीं की गई तो पिंडदान और विसर्जन तिथि पर लोगों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ेगा। बुधवार को रामपुर, सीतामढ़ी, बिहरोजपुर, भोगांव और बेरासपुर जैसे घाटों पर हजारों की संख्या में लोग पहुंचेगे। साफ-सफाई न होने की स्थिति में उन्हें कीचड़ और गंदगी के बीच ही पितरों का तर्पण करना होगा। नगर निकाय से लेकर ग्राम पंचायतों की तरफ से साफ-सफाई को लेकर अभी तक कोई ठोस प्रबंध नहीं हो सका है। ग्राम प्रधान नारेपार सीमा सिंह ने कहा कि सीतामढ़ी गंगा घाट पर मंगलवार तक साफ-सफाई करा दी जाएगी। इस बार जलस्तर अधिक होने से नीचे अभी काफी कीचड़ है। ऐसे में घाट के ऊपरी हिस्से में ही तर्पण करना मजबूरी होगी।