प्रयागराज-वाराणसी हाइवे के माधोसिंह में जटिल हो चुकी जल निकासी की समस्या का निस्तारण कराने रविवार को प्रशासनिक अमला उतर गया। एडीएम कुंवर वीरेंद्र मौर्य के नेतृत्व में पहुंचे अफसरों ने एक घंटे तक मंत्रणा किया। उसके बाद नालियों पर हुए अतिक्रमण को हटवाया। जिससे सर्विसलेन पर एक माह से जमा दूषित पानी निकलना शुरू हो गया। इससे आसपास रहने वाले लोगों ने राहत की सांस ली। वाराणसी- प्रयागराज हाइवे पर माधोसिंह में बीते दिनों हुई बारिश के बाद से ही पानी जमा हो गया। पानी निकासी की सुविधा न होने से काफी दिनों से पानी लगा हुआ है। हाइवे के कट प्वाइंट पर जलजमाव होने से परेशानी बढ़ गई। उसी स्थान से माधोसिंह और घोसियां समेत करीब 50 से अधिक गांव के लोगों का आना-जाना होता है। एक सप्ताह पूर्व डीएम के निर्देश पर बीडीओ और तहसीलदार मौके पर पहुंचकर तालाब के तटबंध को खुलवा दिया। इससे तालाब में भरा पानी तो निकल गया, लेकिन सर्विसलेन की हालत जस की तस बनी रही। जिस पर सपा नेता धर्मेन्द्र मिश्र ने शुक्रवार को डीएम को प्रार्थना पत्र देकर पानी निकासी की मांग किया। अमर उजाला ने रविवार के अंक में तालाब का तटबंध खोलने के बाद नहीं हुआ समाधान, हाइवे पर चढ़ने लगा पानी शीर्षक से खबर प्रकाशित किया। जिसके बाद अधिकारी हरकत में आए। डीएम शैलेश कुमार के निर्देश पर रविवार को एडीएम कुंवर वीरेंद्र मौर्य, डीपीआरओ संजय मिश्रा, एसडीएम औराई बरखा सिंह, नायब तहसीलदार अखिलेश यादव, बीडीओ दिलीप कुमार समेत अफसर मौके पर पहुंचे। एडीएम ने शिकायकर्ता, जयरामपुर की प्रधान रेखा यादव, घाटमपुर की प्रधान रेशमा संग बैठक किया। करीब एक घंटे की बैठक के बाद सर्विसलेन के नाले पर हुए अतिक्रमण को हटवाया गया। जगह-जगह फेंके गए कूड़े को निकालकर नाले को साफ किया गया। इससे सर्विसलेन का पानी निकलना शुरू हो गया। एडीएम ने सभी को सख्त हिदायत दिया कि दुबारा अतिक्रमण करने पर मुकदमा दर्ज कराया जाएगा। डीपीआरओ ने ग्राम प्रधानों से कूड़ादान की व्यव्यस्था कराने का निर्देश दिया। इस मौके पर प्रभारी निरीक्षक रामसरीख गौतम, एनएचआई के वीरेंद्र कुशवाहा, घोसिया के ईओ अनुपम, कानूनगो मनोज मिश्रा, लेखपाल मुरली पांडेय, आनंद यादव, सर्किल दरोगा रामदुलार सिंह आदि रहे।