नान जेड-ए की भूमि पर बसे 12 लोगों को हटाने का कार्य मंगलवार को शुरू हो गया। जेसीबी लगाकर ओवरब्रिज निर्माण के रास्ते में बाधक बन रहे भवनों को तोड़ने का कार्य शुरू कर दिया गया। इस बात को लेकर भवन स्वामियों में रोष देखने को मिला, उन्होंने इस कार्रवाई का विरोध किया। भवन मालिकों का आरोप है कि उन्हें न तो नोटिस दी गई और ना ही भवनों का मुआवजा दिया गया और तोड़फोड़ की कार्रवाई शुरू कर दी गई। जबकि हम खुद अपना भवन देने को तैयार हैं। इसके बाद भी बिना सूचना दिए इस तरह की कार्रवाई समझ से परे है।