आजमगढ़ में ग्रामीण चिकित्सकों की समस्याओं के निदान को लेकर मंगलवार को इंडियन पैरामेडिकल एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिला प्रशासन को सौंपा। सरकार से पराचिकित्सकों व अनुभवशील ग्रामीण चिकित्सकों को प्राथमिक उपचार करने का अधिकार देने की मांग की। डा. एचजी विश्वकर्मा ने कहा कि ग्रामीण आबादी को बेहतर आकस्मिक व प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं देने में पराचिकित्सकों व ग्रामीण चिकित्सकों की भूमिका महत्वपूर्ण है। मांग किया कि अनुभवशील ग्रामीण चिकित्सकों को शासन द्वारा अधिकृत कुशल चिकित्सकों से छह से 12 माह का प्रशिक्षण दिलाकर प्राथमिक उपचार करने की स्वीकृति प्रदान की जाय। स्वास्थ्य संबंधित रोगों से बचाव के लिए जन जागरूकता के लिए पराचिकित्सकों को प्राथमिकता दी जाय। पराचिकित्सकों व ग्रामीण चिकित्सकों को चिकित्सा मित्र बनाया जाए और चिकित्सकों के हो रहे प्रशासनिक उत्पीड़न को रोका जाय।