अमृत योजना-2.0 के तहत अयोध्या शहर में सीवरेज व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए गहरी सीवर लाइन बिछाने का कार्य तेज़ी से चल रहा है। इस योजना के अंतर्गत डिस्ट्रिक्ट-1 पार्ट-1 एवं पार्ट-2 में कई कॉलोनियों और प्रमुख मार्गों पर खुदाई की जा रही है। कार्यदायी संस्था की ओर से सड़कें खोदकर सीवर लाइन डाली जा रही है, लेकिन कार्य पूर्ण होने के बाद सड़कों के समुचित पुनर्निर्माण न होने से आम जनता को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। कई स्थानों पर हाल ही में बनी सड़कों को दोबारा खोद दिए जाने से रास्ते खराब हो गए हैं, जिससे आवागमन बाधित हो रहा है। फिसलन, गड्ढे और अव्यवस्थित खुदाई के कारण दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ गया है। स्थानीय लोग निर्माण कार्य की गुणवत्ता और योजना पर सवाल उठा रहे हैं। अमृत योजना-2.0 के अंतर्गत डिस्ट्रिक्ट-1 पार्ट-1 एवं पार्ट-2 में चल रहे गहरी सीवर लाइन निर्माण कार्य से देवकाली तिराहा स्थित सरयू नगर कॉलोनी के लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। निर्माण खंड उत्तर प्रदेश जल निगम नगरीय-अयोध्या द्वारा ई.एम.एस. लिमिटेड के माध्यम से कराए जा रहे इस कार्य के चलते कॉलोनी की सड़क पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि हाल ही में बनी सड़क को फिर से खोद दिए जाने से रास्ते में फिसलन हो गई है। पैदल चलना तो दूर, दोपहिया वाहन चलाना भी जोखिम भरा हो गया है। राहगीर लगातार गिरकर चोटिल हो रहे हैं। स्थानीय निवासी कार्तिकेय झा ने बताया कि 16 जनवरी से सड़क की यही स्थिति बनी हुई है। बाइक फिसलने से लोगों को काफी दिक्कत हो रही है और कई लोग घायल हो चुके हैं। वहीं, शुभम सोनी ने कहा कि सड़क अब चलने लायक नहीं बची है। बीते दिन यहां एक एक्सीडेंट हुआ, जिसमें व्यक्ति को गंभीर चोटें आईं और स्थानीय लोगों ने उसे अस्पताल पहुंचाया। सड़क के बीच गड्ढे छोड़ दिए गए हैं, जिससे आवागमन में भारी समस्या हो रही है। जल्दी ही भी यह रोड बनाई गई थी लेकिन फिर से सीवर के नाम पर सड़क दोबारा खोद दी गई। कहा कि नगर निगम पहले सड़क बनाती है फिर सीवर लाइन बनाने के नाम पर उसे खोद देती है। एक ही सड़क खोद रहे हैं और फिर उसी ही बना रहे है, इससे सरकारी धन के बर्बादी हो रही है।