कभी अवध की राजधानी रही फैजाबाद की प्राचीन धरोहर नवाब शुजाउद्दौला के मकबरा गुलाबबाड़ी के भी दिन बहुरने वाले हैं। योगी सरकार गुलाबबाड़ी को हेरिटेज पार्क बनाने जा रही है। इसके लिए 2.97 करोड़ रुपये खर्च किया जाएगा। शासन-प्रशासन की ओर से गुलाबबाड़ी पार्क के सुंदरीकरण की परियोजना को हरी झंडी मिलने के बाद योजना को अमलीजामा पहनाने की कवायद तेज हो गई है। श्री अयोध्या जी तीर्थ क्षेत्र विकास परिषद पर्यटन विकास योजना के तहत प्राचीन धरोहरों को संरक्षित कर रही है। वर्तमान में पुरातत्व विभाग की ओर से संरक्षित की श्रेणी में शामिल गुलाबबाड़ी में अवध के तीसरे नवाब शुजा-उद-दौला का मकबरा है। वर्ष 1753-1775 के बीच उन्होंने अपने जीवनकाल में स्वयं इसका निर्माण कराया था। तीन मेहराबदार प्रवेशद्वारों से घिरे इस परिसर के बाड़े में शुजा-उद-दौला का मकबरा, मस्जिद इमामबाड़ा, शाही हम्माम, बारादरी और एक कुआं है। जबकि खाली स्थान को बगीचे के रूप में विकसित किया गया था। पानी के फव्वारों के किनारे विभिन्न किस्मों के गुलाब के फूलों के बगीचा के कारण ही यह गुलाबबाड़ी के नाम से चर्चित हुआ और दूर-दराज से लोग यहां घूमने और मार्निंग वाक के लिए आते हैं। भवन का मालिकाना हक़ वक्फ बोर्ड, परिसर का संरक्षण पुरातत्व और साज-सज्जा आदि उद्यान विभाग के जिम्मे है। गुलाबबाड़ी पर्यटन स्थलों की सूची में शामिल है। पर्यटन को बढ़ावा देने और नगरी की पुरातन विरासत को सहेजने की कवायद के तहत प्रशासनिक स्तर पर गुलाबबाड़ी के सुंदरीकरण की योजना पर चिंतन-मंथन शुरू हुआ था, जिससे इस पार्क के पुराने वैभव को लौटाया जा सके।