कार्तिक मास की चतुर्दशी पर मंगलवार शाम लाखों लोगों ने दिवंगतों की आत्मा की शांति के लिए गंगा में दीपदान किया। अपने संगे संबंधी और परिजनों से बिछड़े लोगों को याद कर परिजनों की आंखें भर आईं। इस परंपरा को निभाते वक्त गंगा घाट ऐसा प्रतीत हो रहा था जैसे आकाश से तारे धरती पर उतर आए हों।