आगरा में ईदगाह रेलवे जंक्शन पर 22 मई को हुए अमृत भारत स्टेशन कार्यक्रम में फतेहपुर सीकरी के विधायक बाबूलाल ने डीआरएम पर गंभीर आरोप लगाए थे। उनका कहना था कि फतेहपुर सीकरी में रेलवे की जमीनों पर अवैध कब्जा हो रहा है। डीआरएम को शिकायत की गई, लेकिन वह सुनवाई नहीं करते। इसके बाद से यह मामला तूल पकड़ता जा रहा है। फतेहपुर सीकरी के पास रेलवे विभाग की टीम ने कई अतिक्रमणों पर बुलडोजर से कार्रवाई की। रेलवे की जमीन पर बने स्थाई और अस्थाई अतिक्रमण को तोड़ा। वहीं क्षेत्र के लोगों ने रेलवे पर एकतरफा कार्रवाई का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि रेलवे ने कार्रवाई से पहले कोई भी नोटिस जारी नहीं किया। जमीन की नापजोख भी सही से नहीं की। वहीं रेलवे के अधिकारी बुधवार को राजस्व विभाग की टीम के साथ फतेहपुर सीकरी पहुंचे। काफी देर हुई बैठक के बाद उन्होंने बताया कि इस पूरे प्रकरण से संबंधित सभी दस्तावेज को एकत्रित किया जा रहा है। पीडब्ल्यूडी विभाग से भी दस्तावेज मांगे गए हैं। जांच पड़ताल करने के बाद ही आगे कोई कार्रवाई होगी। क्षेत्रीय लोगों का कहना है कि क्षेत्रीय विधायक और दूसरे बीजेपी नेता की आपसी कलह लोगों के लिए परेशानी का सबब बन गई है। रेलवे दबाव के चलते कार्रवाई कर रहा है। कागज दिखाने की कहो तो रेलवे के अधिकारी 1937 के नक्शे का हवाला देने लगते हैं।