सोने की बढ़ी कीमत ने गहनों की खरीद सीमित कर दी। यहां तक कि लोगों को गहनों के वजन में 30-50 फीसदी कटौती करनी पड़ी। ऐसे में चांदी की करधनी समेत अन्य सामान का ट्रेंड लौट आया है। शादियों के लिए लोग अभी से करधनी और डिजाइनिंग भारी पायलों के लिए बुकिंग करा रहे हैं। आगरा सर्राफा मैन्युफैक्चरिंग एसोसिएशन के अध्यक्ष बृजमोहन रैपुरिया ने बताया कि सोने के दाम तेजी से बढ़ने से सामान्य खरीदारी में गिरावट आई है। शादी-समारोह समेत अन्य के लिए गहने बनवाने में भी लोगों ने 30-50 फीसदी तक वजन में कटौती की है। इसी के चलते वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल की रिपोर्ट बताती है कि लोगों ने कम वजनी गहने खरीदे, जिसके चलते मात्रा में सोना कम खरीदा, लेकिन महंगा होने के कारण दाम ज्यादा देने पड़े। इसी के चलते लोगों ने अंगूठी, गले की चेन, कंगन का वजन पिछले वर्षों के मुकाबले आधे से भी कम वजन के अधिकांश लोगों ने बनवाए। सराफा कारोबारी पंकज जैन ने बताया कि बीते कुछ महीनों में चांदी के दाम लगभग स्थिर होने से खरीदार बढ़ने लगे हैं। सोने अधिक महंगा होने के कारण दुल्हन के गहनों में चांदी की करधनी और वजनी पायल का चलन बढ़ गया है। इसमें 500 ग्राम से एक किलो तक की करधनी और 200 से 300 ग्राम की पायल ज्यादा खरीद रहे हैं। इसके लिए बुकिंग भी शुरू हो गई है। सराफा कारोबारी सोमेश वर्मा ने बताया कि सोने-चांदी की कीमत अधिक होने पर सर्राफा कारोबारियों ने हल्के वजन में स्टाइलिश गहनों की लेटेस्ट डिजाइन बनवाई हैं। इसमें सबसे ज्यादा पायल, बिछुआ, अंगूठी, चेन, चूड़ी, मंगलसूत्र सामान्य तौर पर सबसे ज्यादा खरीद होते हैं। सामान्य लोगों की बजट के लिए इनमें वजन में 50 फीसदी से भी कम की कटौती की है।