अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के राष्ट्रीय प्रवक्ता और ठियोग से कांग्रेस के विधायक कुलदीप राठौर ने कहा कि भाजपा देश भर में आपातकाल को लेकर झूठा प्रचार कर रही है। उन्होंने केंद्रीय मंत्री कि किरेन रिजिजू के बयान को लेकर उन्हें घेरा और कहा कि भाजपा और उसके नेता देश भर में झूठ फैला कर आम जनता को गुमराह करने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने रिजिजू के देश में 2014 के बाद बोलने की आजादी मिली के बयान को लेकर घेरते हुए कहा कि देश में सरकारी एजेंसियों का जमकर दुरुपयोग हो रहा है, यही अघोषित आपातकाल है। आज केंद्र की सरकार के कामकाज और कार्यप्रणाली को लेकर किसी को सवाल उठाने की इजाजत नहीं है। मीडिया पर भी दबाव बनाया जा रहा है। विरोध करने वालों को तरह तरह से परेशान करने का प्रयास किया जा रहा है। राठौर ने कहा कि 1975 में आपातकाल के दौरान संपूर्ण क्रांति के नाम पर विद्यार्थी, मजदूरों और अर्धसैनिक बलों को भड़काया गया था, मुश्किल हालात तैयार किए गए, इस पर पर कार्रवाई करना आवश्यक था। देश के हालात सुधरने के बाद बैलेट पेपर पर चुनाव हुए। उन्होंने कहा कि देश में जनता पार्टी की सरकार बनी, लेकिन अढ़ाई साल में ही घटक दलों के आपसी मनमुटाव के कारण सरकार गिर गई। ढाई साल बाद फिर कांग्रेस की सरकार बनी। इंदिरा गांधी ने गुट निरपेक्ष गुट की अगुवाई की। उनके समय में इंदिरा गांधी की बात को तवज्जो दी जाती थी। भाजपा आज अपने ही बड़े नेता अटल बिहारी वाजपेयी के योगदान को नकारने का काम कर रही है। भाजपा एजेंसियों का दुरुपयोग कर रही है। विरोधियों को दबाने के लिए ईडी और सीबीआई एजेंसियों का इस्तेमाल कर रही है। कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता व ठियोग के विधायक कुलदीप राठौर ने प्रदेश में अवैध कटान का मामला उठाया और कहा कि प्रदेश में कई स्थानों पर बादल फटने की हुई घटनाओं में लोग अपनी जान गंवा रहे हैं। इस पर उन्होंने दुख व्यक्त करते हुए कहा कि बाढ़, बादल फटने की इन घटनाओं में जिस तरह से टनों के हिसाब से लकड़ी बहकर आने के वीडियो सामने आए हैं, उससे साफ है कि यह साफ तौर पर अवैध खनन और पेड़ों की कटाई की ओर संकेत है। इससे वन विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठते हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री से इस तरह के सामने आए मामलों की जांच करवाने और पेड़ों के अवैध कटान पर तुरंत एक्शन लेने की मांग की। उन्होंने कहा कि वन विभाग स्वयं मुख्यमंत्री के पास है, इसलिए लकड़ी कहां से आई, इसकी जांच और सच्चाई को सामने लाया जाना चाहिए ।