मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने विधानसभा के बजट सत्र में शुक्रवार को राज्यपाल के अभिभाषण पर लाए धन्यवाद प्रस्ताव पर हुई चर्चा का विस्तृत जवाब दिया। वहीं इस दाैरान भाजपा पर टिप्पणी से नाराज विपक्ष ने सदन से वाकआउट कर दिया। सीएम के जवाब से असंतुष्ट विपक्षी सदस्य नारेबाजी करते हुए सदन से बाहर चले गए। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्राकृतिक आपदा के समय भाजपा प्रदेश सरकार व जनता के साथ खड़ी नहीं हुई, कुछ नहीं किया, सिर्फ राजनीतिक रोटियां सेंकीं। सीएम ने कहा कि हिमाचल विरोधी क्यों है भाजपा, इसका जवाब देने के बजाय विधानसभा से भाजपा विधायक वाकआउट कर गए। मुख्यमंत्री ने कहा कि जयराम का पार्टी पर कंट्रोल नहीं रहा, मेरी हमेशा उनके साथ सहानुभूति रही है। पूर्व जयराम सरकार ने दोनों हाथों से संपदा को लुटाया, 5000 बीघा जगह एक करोड़ रुपये में कस्टमाइज पैकेज के तहत दी, सीएलयू भी माफ कर दिया। प्रदेश में उद्योग आने चाहिए, लेकिन उनमें टूरिज्म, हाइड्रो, मत्स्य से जुड़े हों। सीएम ने कहा कि कांगड़ा एयरपोर्ट के पास गरीब लोगों की जमीन कौड़ियों के भाव कुछ लोगों ने खरीदी है। हमारी सरकार इसकी विस्तृत जांच करा रही है। गगरेट के कांग्रेस विधायक राकेश कालिया ने यह मामला उठाया था। उनका संदर्भ कुछ और था, लेकिन जांच में बड़े खुलासे हो रहे हैं।