भारत नगर चौक पर शुक्रवार सुबह नेशनल हाईवे का एक बड़ा हिस्सा जमीन में धंस गया। एक भारी-भरकम ट्रक के गुजरने के फौरन सड़क पर करीब 12 फीट गहरा और बीस फुट चौड़ा गड्ढा हो गया। गनीमत रही कि इस दौरान कोई बड़ा वाहन इसकी चपेट में नहीं आया। मामले की सूचना मिलते ही नगर निगम के ओएंडएम (ऑपरेशन एंड मेंटेनेंस) और बीएंडआर (बिल्डिंग एंड रोड्स) विंग के अधिकारी भारी मशीनरी और बैरिकेड्स लेकर घटनास्थल पर डट गए। शुरुआती जांच में जब सड़क धंसने की असली वजह साफ नहीं हो सकी, तो इंजीनियरों ने करीब 30 फीट गहराई तक सड़क की खुदाई करवा डाली। हैरत की बात यह रही कि इतनी गहरी खुदाई के बाद भी भूगर्भ में ऐसा कोई तकनीकी फॉल्ट या खोखलापन नजर नहीं आया, जिसे इस भूधंसाव की मुख्य वजह माना जा सके। पार्षद रुचि गुलाटी ने कहा कि जिस जगह यह सड़क धंसी है, वहां बीते काफी समय से जमीन के भीतर से पानी के बुलबुले बाहर आ रहे थे। इस गंभीर लापरवाही को लेकर नगर निगम प्रशासन को कई मर्तबा आगाह भी किया गया लेकिन अधिकारियों ने इसे ठंडे बस्ते में डाले रखा। एनएचएआई ने भारत नगर चौक से बस स्टैंड की ओर जाने वाले इस एलिवेटेड रोड का निर्माण करीब दो वर्ष पहले ही पूरा किया था। इसी दौरान इसके नीचे की मुख्य सड़क को भी नए सिरे से तैयार किया गया था। महज दो साल के भीतर ही वीआईपी सड़क का इस तरह धंस जाना निर्माण सामग्री और विभागीय तालमेल की पोल खोल रहा है।